जनपद बरेली की प्राचीनतम संस्था श्री सुभाष हायर सेकेंडरी स्कूल फतेगंज जो कभी "एडवर्ड एंग्लो वर्नाकुलर स्कूल" के नाम से जानी थी अपने गर्भ में स्वाधीनता आन्दोलन का विस्तृत इतिहास छिपाये हुये है दरअसल विद्यालय ने दो युगों को जिया है, एक युग अंग्रेजी शासन का और दूसरा स्वतंत्र भारत कापहला युग अंग्रेजी हुक्मरानों के सानिध्य में जिया जब विद्यालय का नाम 'एडवर्ड एंग्लो वर्नाकुलर स्कूल" था दूसरा युग नवाबों और रईसों के सानिध्य में जिया। नगर के प्रतिष्ठित परिवार (हाकिम खानदान) श्री नवाव मियाँ के पूर्वज खान बहादुर श्री हकीम महबूब अली खाँ द्वारा नगर के उत्तर दिशा की ओर तहसील जाने वाले मार्ग पर छत्तीस वीघा (पक्का) भूमि पर विद्यालय के मुख्य भवन जिसमें आठ शिक्षण कक्ष एवं दो प्रशासनिक भवन एवं एक विशाल सभागार का अद्वितीय निर्माण कराया।